सरकारी अफसरों और वीआईपी को भी देना होगा टोल टैक्स, नियमों में बदलाव की तैयारी

मुख्य बातें
- •राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल टैक्स से मिलने वाली छूट सरकारी अफसरों और वीआईपी श्रेणी के लोगों के लिए बंद हो सकती है।
- •केंद्र सरकार राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल छूट की श्रेणियों को कम करने की तैयारी कर रही है।
- •सरकार का मानना है कि टोल छूट के कारण राष्ट्रीय राजमार्गों के रखरखाव और विकास के लिए आवश्यक राजस्व में कमी आ रही है।
- •जल्द ही सरकार इस संबंध में एक आधिकारिक अधिसूचना जारी कर सकती है।
नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल टैक्स से मिलने वाली छूट अब सरकारी अफसरों और वीआईपी श्रेणी के लोगों के लिए भी बंद हो सकती है। केंद्र सरकार राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल छूट की श्रेणियों को कम करने की तैयारी कर रही है। सूत्रों के अनुसार, इस बदलाव के बाद सरकारी अधिकारी और वीआईपी श्रेणी के लोग भी राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल टैक्स का भुगतान करने के लिए बाध्य होंगे। यह कदम राष्ट्रीय राजमार्गों के रखरखाव और विकास के लिए राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।
इस बदलाव के पीछे मुख्य कारण राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल छूट की बढ़ती संख्या को नियंत्रित करना है। वर्तमान में, सरकारी वाहनों, आपातकालीन सेवाओं और कुछ विशेष श्रेणियों के वाहनों को टोल टैक्स से छूट प्राप्त है। हालांकि, सरकार का मानना है कि इस छूट के कारण राष्ट्रीय राजमार्गों के रखरखाव और विकास के लिए आवश्यक राजस्व में कमी आ रही है। इसलिए, सरकार इस छूट की श्रेणियों को कम करने का निर्णय ले रही है।






