भारतीय रेलवे ने हावड़ा-दिल्ली रेल कॉरिडोर की क्षमता बढ़ाने को दी मंजूरी, किउल-झाझा तीसरी लाइन परियोजना को मिली स्वीकृति
मुख्य बातें
- •भारतीय रेलवे ने हावड़ा-दिल्ली रेल कॉरिडोर की क्षमता बढ़ाने के लिए किउल-झाझा तीसरी लाइन परियोजना को मंजूरी दी।
- •किउल (बिहार) से झाझा (झारखंड) तक 130 किलोमीटर लंबे खंड में तीसरी रेलवे लाइन का निर्माण किया जाएगा।
- •इस परियोजना से प्रतिदिन 40-50 अतिरिक्त ट्रेनें चलाने की क्षमता विकसित होगी, जिससे यात्रियों और माल ढुलाई में सुधार होगा।
- •परियोजना की अनुमानित लागत लगभग ₹2,500 करोड़ है, और इसके पूरा होने का लक्ष्य अगले 3-4 वर्ष निर्धारित किया गया है।
भारतीय रेलवे ने पूर्व मध्य रेलवे क्षेत्र के तहत हावड़ा-दिल्ली मुख्य लाइन की क्षमता बढ़ाने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। रेल मंत्रालय ने किउल-झाझा खंड में तीसरी रेलवे लाइन बिछाने की परियोजना को स्वीकृति प्रदान कर दी है। यह परियोजना रेलवे की तीव्र गति से बढ़ती मांग को पूरा करने तथा यात्रियों और माल ढुलाई की सुविधा में सुधार लाने के उद्देश्य से शुरू की गई है।
इस परियोजना के अंतर्गत किउल (बिहार) से झाझा (झारखंड) तक लगभग 130 किलोमीटर लंबे खंड में तीसरी रेलवे लाइन का निर्माण किया जाएगा। इससे हावड़ा-दिल्ली रेल कॉरिडोर पर ट्रेनों की आवाजाही में आने वाली भीड़ को कम किया जा सकेगा तथा ट्रेनों की गति और आवृत्ति में वृद्धि होगी। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस परियोजना से प्रतिदिन लगभग 40-50 अतिरिक्त ट्रेनें चलाने की क्षमता विकसित होगी, जिससे यात्रियों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी।
