अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू के साथ बातचीत के बाद बेरूत में सेना भेजने पर रोक लगाने का दावा किया

मुख्य बातें
- •अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू के साथ बातचीत के बाद बेरूत में सेना भेजने पर रोक लगाने का दावा किया
- •ईरान ने अमेरिका के साथ चल रही इंडायरेक्ट टॉक्स (अप्रत्यक्ष बातचीत) को रोक दिया है
- •राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान ने अभी तक अमेरिका को यह जानकारी नहीं दी है कि वह बातचीत खत्म कर रहा है
- •ट्रंप ने कहा कि उन्हें तेहरान का तब तक इंतजार करने में कोई दिक्कत नहीं है, जब तक कि वह किसी स्वीकार्य समझौते पर सहमत नहीं हो जाता
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को मिडिल ईस्ट में एक राजनयिक सफलता का दावा करते हुए कहा कि उन्होंने इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू के साथ एक बेहद सार्थक बातचीत की और बेरूत में सेना भेजने पर रोक लगा दी है. ट्रुथ सोशल पर कई पोस्ट में ट्रंप ने कहा कि नेतन्याहू के साथ हुई बातचीत के बाद लेबनानी राजधानी की ओर बढ़ रही किसी भी इजराइली सेना को पहले ही वापस भेज दिया गया है. ट्रंप ने कहा कि मैंने इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू से बहुत ही सार्थक बातचीत की और यह तय हुआ कि बेरूत में कोई भी सेना नहीं भेजी जाएगी, और जो भी सेनाएं वहां पहुंचने वाली थीं, उन्हें वापस भेज दिया गया है. उन्होंने कहा कि इसी तरह, उच्च पदस्थ प्रतिनिधियों के माध्यम से, मैंने हिजबुल्लाह से भी अच्छी बातचीत की और वे इस बात पर सहमत हुए कि गोलीबारी बंद कर दी जाएगी. इजराइल उन पर हमला नहीं करेगा और वे इजराइल पर हमला नहीं करेंगे.






