कांग्रेस संगठन में राहुल गांधी की बढ़ती दखलंदाजी: तीन राज्यों के फैसलों ने बदली पार्टी की तस्वीर
मुख्य बातें
- •तमिलनाडु में डीके शिवकुमार को उपमुख्यमंत्री पद से हटाने और नए चेहरे को तरजीह देने का फैसला
- •केरल में राज्य इकाई प्रमुख पद पर बड़े बदलाव
- •कर्नाटक में संगठनात्मक सुधारों के नाम पर महत्वपूर्ण पदों पर फेरबदल
- •राहुल गांधी के नेतृत्व में पार्टी संगठन में बढ़ती दखलंदाजी को लेकर वरिष्ठ नेताओं में असमंजस
- •कांग्रेस प्रवक्ता द्वारा इन आरोपों को खारिज करते हुए लोकतांत्रिक फैसलों का दावा
कांग्रेस पार्टी के भीतर राहुल गांधी की भूमिका पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। हाल ही में तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक में लिए गए उनके निर्णयों ने पार्टी संगठन को पूरी तरह से बदलकर रख दिया है। सूत्रों के अनुसार, राहुल गांधी की 'दबंगई' बढ़ती जा रही है, जिसके चलते कई वरिष्ठ नेता असहज महसूस कर रहे हैं। पार्टी के भीतर चल रहे इस बदलाव को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
तमिलनाडु में कांग्रेस नेता डीके शिवकुमार को उपमुख्यमंत्री पद से हटाकर उनकी जगह एक नए चेहरे को तरजीह दी गई। यह फैसला पार्टी के भीतर के गुटबाजी का संकेत माना जा रहा है। वहीं, केरल में, पिछले विधानसभा चुनावों के बाद पार्टी ने राज्य इकाई के प्रमुख पद पर बड़े बदलाव किए। कर्नाटक में भी संगठनात्मक सुधारों के नाम पर कई महत्वपूर्ण पदों पर फेरबदल किया गया। इन सभी फैसलों को राहुल गांधी के नेतृत्व का हिस्सा बताया जा रहा है।
कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि राहुल गांधी लगातार पार्टी के संगठनात्मक ढांचे में हस्तक्षेप कर रहे हैं। उनका मानना है कि यह बदलाव पार्टी को मजबूत करने के लिए किए जा रहे हैं, लेकिन कई नेता इसे अपनी स्वायत्तता पर हमला मान रहे हैं। पार्टी के भीतर चल रहे इस विवाद ने संगठन में असमंजस की स्थिति पैदा कर दी है।
