करण जौहर: बॉलीवुड के रोमांस, परिवार और ग्लैमर के नए प्रतिमान रचने वाले फिल्मकार

मुख्य बातें
- •करन जौहर ने 29 साल के करियर में केवल 7 फिल्मों का निर्देशन किया, लेकिन इनके जरिए हिंदी सिनेमा में रोमांस, फैमिली ड्रामा और ग्लैमर का नया मानदंड स्थापित किया।
- •उनकी पहली निर्देशित फिल्म ‘कुछ कुछ होता है’ (1998) ने बॉलीवुड में कॉलेज रोमांस और भावनात्मक नाटक की नई परिभाषा लिखी।
- •‘कभी खुशी कभी गम’ (2001) को हिंदी सिनेमा की उत्कृष्ट पारिवारिक नाटक फिल्मों में शामिल किया जाता है, जिसमें अमिताभ बच्चन, शाहरुख खान और काजोल जैसे सितारों ने अभिनय किया।
- •करन जौहर और शाहरुख खान की जोड़ी ने चार फिल्मों में साथ काम किया, जिनमें ‘माय नेम इज खान’ (2010) जैसे सामाजिक मुद्दों पर आधारित फिल्म भी शामिल है।
बॉलीवुड में कई फिल्मकारों ने दर्जनों फिल्में बनाईं, मगर कम फिल्मों में भी पहचान बनाने वालों की संख्या बहुत कम है। करन जौहर उन्हीं चुनिंदा फिल्मकारों में से एक हैं जिन्होंने महज सात फिल्मों के निर्देशन से ही हिंदी सिनेमा में अपना एक अलग ब्रांड स्थापित कर लिया। करीब 29 वर्षों के अपने फिल्मी करियर में उन्होंने जिन सात फिल्मों का निर्देशन किया, उनमें रोमांस, परिवारिक भावनाएं और ग्लैमर का ऐसा मिश्रण देखने को मिला जिसे आज भी दर्शक याद करते हैं। उनका सिनेमाई सफर आदित्य चोपड़ा की क्लासिक फिल्म ‘दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे’ से शुरू हुआ, हालांकि उसमें उन्होंने बतौर सहायक निर्देशक काम किया था।






