भारत-सिंगापुर रक्षा वार्ता: द्विपक्षीय सहयोग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का संकल्प

मुख्य बातें
- •वीं भारत-सिंगापुर रक्षा नीति वार्ता (डीपीडी) का आयोजन गुरुवार को सिंगापुर में हुआ।
- •भारत के रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह और सिंगापुर के स्थायी सचिव जोसेफ लिओंग ने बैठक की सह-अध्यक्षता की।
- •प्रमुख चर्चा के विषय: रक्षा सहयोग, सैन्य जुड़ाव, क्षमता निर्माण, क्षेत्रीय सुरक्षा तथा उभरती प्रौद्योगिकियां।
- •दोनों देशों ने साइबर सुरक्षा, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, समुद्री सुरक्षा तथा मानव रहित प्रणालियों में सहयोग बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की।
- •ASEAN तंत्र तथा ADMM-प्लस फ्रेमवर्क के माध्यम से क्षेत्रीय एवं बहुपक्षीय सहयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया।
- •इंडो-पैसिफिक में खुले एवं नियम-आधारित सुरक्षा वास्तुकला का समर्थन करने की प्रतिबद्धता दोहराई गई।
- •रक्षा सचिव ने सिंगापुर सशस्त्र बलों के डिजिटल केंद्र का दौरा किया तथा तकनीकी क्षमताओं का अवलोकन किया।
नई दिल्ली/सिंगापुर, गुरुवार – भारत और सिंगापुर ने द्विपक्षीय रक्षा सहयोग को और मजबूत करने तथा इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में सुरक्षा वास्तुकला को सुदृढ़ बनाने के लिए व्यापक प्रतिबद्धता व्यक्त की है। दोनों देशों के रक्षा अधिकारियों ने गुरुवार को सिंगापुर में आयोजित 16वीं भारत-सिंगापुर रक्षा नीति वार्ता (डीपीडी) की सह-अध्यक्षता की। इस बैठक में भारत के रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह तथा सिंगापुर के स्थायी सचिव (रक्षा) जोसेफ लिओंग ने भाग लिया।




