वार्डन को मिलेगा स्वच्छता एवं मासिक धर्म प्रबंधन का प्रशिक्षण: महिला कैदियों की सुविधा बढ़ाने की पहल
मुख्य बातें
- •महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा महिला कैदियों के लिए स्वच्छता और मासिक धर्म प्रबंधन प्रशिक्षण शुरू किया गया है।
- •वार्डनों को महिला कैदियों की स्वच्छता सुविधाओं और मनोसामाजिक सहायता प्रदान करने के तरीकों पर प्रशिक्षित किया जाएगा।
- •राष्ट्रीय स्वच्छता नीति, महिला स्वास्थ्य कानून और अंतर्राष्ट्रीय मानकों पर भी प्रशिक्षण दिया जाएगा।
- •प्रशिक्षण कार्यक्रम को चरणबद्ध तरीके से देश भर में लागू किया जाएगा।
- •महिला कैदियों के अधिकार और गरिमा की रक्षा के लिए यह पहल शुरू की गई है।
केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा महिला कैदियों की बेहतर सुविधा एवं स्वास्थ्य सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। सभी कारागार वार्डनों को जल्द ही स्वच्छता और मासिक धर्म प्रबंधन (एमएचएम) पर विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। यह प्रशिक्षण महिला कैदियों की स्वच्छता संबंधी जरूरतों को पूरा करने और उन्हें सम्मानजनक जीवन जीने में मदद करेगा।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य वार्डनों को महिला कैदियों के लिए उपयुक्त स्वच्छता सुविधाओं की व्यवस्था, मासिक धर्म स्वच्छता उत्पादों की उपलब्धता और मनोसामाजिक सहायता प्रदान करने के तरीकों से अवगत कराना है। प्रशिक्षण के दौरान वार्डनों को राष्ट्रीय स्वच्छता नीति, महिला स्वास्थ्य संबंधी कानूनों और अंतर्राष्ट्रीय मानकों के बारे में भी जानकारी दी जाएगी। इससे न केवल महिला कैदियों के स्वास्थ्य में सुधार होगा, बल्कि उनके मानसिक और शारीरिक कल्याण को भी बढ़ावा मिलेगा।
