गूगल ने लॉन्च किया एआई थ्रेट डिफेंस, साइबर हमलों से बचाने में करेगा मदद

मुख्य बातें
- •गूगल ने एआई थ्रेट डिफेंस नामक नया AI आधारित साइबर सुरक्षा टूल लॉन्च किया है, जो संगठनों को AI जनित खतरों से बचाने में मदद करेगा।
- •फ्रांसिस डिसूजा, गूगल क्लाउड के सीओओ और सिक्योरिटी उत्पादों के अध्यक्ष, ने बताया कि यह टूल हमलों के रास्ते का अनुमान लगाने और सबसे बड़े खतरों को प्राथमिकता देने में मदद करेगा।
- •एआई थ्रेट डिफेंस चार चरणों (तैयारी, स्कैनिंग, सुधार, निगरानी) में काम करता है और कमजोरियों को ठीक करने में लगने वाले समय को हफ्तों से घटाकर मिनटों तक ला सकता है।
- •गूगल के अलावा एंथ्रोपिक (क्लाउड मिथोस) और ओपनएआई (डेब्रेक) ने भी इसी तरह के टूल लॉन्च किए हैं, जिससे साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा बढ़ गई है।
गूगल ने हाल ही में एक नया एआई आधारित साइबर सुरक्षा टूल लॉन्च किया है जिसका नाम एआई थ्रेट डिफेंस (AI Threat Defense) है। इस टूल को विशेष रूप से संगठनों को AI जनित साइबर खतरों से बचाने के लिए डिजाइन किया गया है। गूगल के अनुसार, पारंपरिक साइबर सुरक्षा प्रणालियाँ अब AI द्वारा संचालित हमलों का सामना करने में सक्षम नहीं हैं, क्योंकि हमलावर AI का उपयोग करके नेटवर्क में कमजोरियों का पता लगाने और मिनटों में हमले की योजना बनाने में सक्षम हो गए हैं।
गूगल के क्लाउड विभाग के सीओओ और सिक्योरिटी उत्पादों के अध्यक्ष ने एक ब्लॉग पोस्ट के माध्यम से बताया कि एआई थ्रेट डिफेंस संगठनों को हमलों के रास्ते (attack path) का अनुमान लगाने, सबसे बड़े खतरों को प्राथमिकता देने और सुरक्षा टीमों को अत्यधिक अलर्ट के बोझ से मुक्त करने में मदद करेगा। उन्होंने बताया कि मौजूदा सिस्टम हजारों AI जनित अलर्ट उत्पन्न करते हैं, जिनमें से अधिकांश वास्तविक खतरों का प्रतिनिधित्व नहीं करते। एआई थ्रेट डिफेंस इन अलर्ट्स को फ़िल्टर करके टीमों को केवल उन्हीं खतरों पर ध्यान केंद्रित करने में मदद करेगा जिनसे वास्तविक जोखिम हो सकता है।




