नासिक की प्रसिद्ध कंपनी में यौन उत्पीड़न और धर्मांतरण का आरोप, 6 लोगों की गिरफ्तारी
मुख्य बातें
- •नासिक की एक प्रसिद्ध कंपनी में महिला कर्मचारियों के साथ यौन उत्पीड़न और धर्मांतरण के आरोप। - छह लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें कंपनी के मालिक और प्रबंधक शामिल हैं। - पीड़िताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें नौकरी देने के बदले धर्म परिवर्तन करने तथा यौन उत्पीड़न का सामना करना पड़ा। - महाराष्ट्र महिला आयोग ने मामले में हस्तक्षेप करते हुए त्वरित कार्रवाई की मांग की है।
नासिक, महाराष्ट्र – महाराष्ट्र के नासिक शहर में स्थित एक प्रसिद्ध कंपनी में महिला कर्मचारियों के साथ यौन उत्पीड़न और धार्मिक दबाव डालने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। इस मामले में अब तक छह लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि पुलिस आगे की जांच कर रही है। पीड़िताओं ने बताया है कि उन्हें कंपनी में नौकरी देने के बदले धर्म परिवर्तन करने के लिए मजबूर किया गया तथा यौन प्रताड़ना का सामना करना पड़ा। स्थानीय पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस मामले की शुरुआत पिछले महीने एक महिला कर्मचारी की शिकायत से हुई थी। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि कंपनी के कुछ वरिष्ठ अधिकारियों ने उसे नौकरी देने के एवज में धर्म परिवर्तन करने तथा अन्य उत्पीड़न का सामना करना पड़ा। पुलिस ने तुरंत मामले की जांच शुरू की और छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों में कंपनी के मालिक, प्रबंधक तथा अन्य कर्मचारी शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (Indian Penal Code - IPC) की धारा 376 (बलात्कार), 354 (महिला पर हमला), 323 (स्वेच्छाचारिता), तथा धारा 3 (धर्म परिवर्तन कराने के लिए उत्पीड़न) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इस मामले ने स्थानीय समुदाय में हलचल मचा दी है। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि कंपनी में कार्यरत अन्य महिला कर्मचारियों से भी संपर्क किया जा रहा है ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके तथा मामले की और जानकारी प्राप्त की जा सके। महाराष्ट्र महिला आयोग ने भी इस मामले में हस्तक्षेप करते हुए त्वरित कार्रवाई की मांग की है। कंपनी के मालिक सहित गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों पर आरोप है कि उन्होंने धार्मिक लाभ के लिए महिला कर्मचारियों का शोषण किया। पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान और भी सबूत मिल सकते हैं, जिसके आधार पर आरोपियों के खिलाफ और सख्त कार्रवाई की जा सकती है। इस मामले की सुनवाई जल्द ही न्यायालय में शुरू होगी।
