राजस्थान के पाली में एसीबी ने रंगे हाथों पटवारी को पकड़ा, 8 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए

मुख्य बातें
- •राजस्थान के पाली जिले के लाटाडा पटवार में एसीबी ने पटवारी विक्रम धीर को 8 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया।
- •पटवारी पर कुल 13 हजार रुपये रिश्वत मांगने का आरोप है, जिसमें से 5 हजार रुपये पहले ही ले चुके थे।
- •मामले की शिकायत करीब आठ महीने पहले कमलेश चौधरी ने एसीबी पाली प्रथम के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र डूकिया से की थी।
- •गिरफ्तारी के बाद गांववालों ने ढोल-थाली बजाकर एसीबी की कार्रवाई का स्वागत किया और भ्रष्टाचार के खिलाफ नारेबाजी की।
राजस्थान के पाली जिले के लाटाडा पटवार में सोमवार को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की टीम ने एक पटवारी को 8 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। पटवारी विक्रम धीर पर आरोप है कि उन्होंने एक जमीन के सीमांकन और म्यूटेशन के बदले कुल 13 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। इसमें से 5 हजार रुपये पहले ही ले चुके थे, जबकि शेष 8 हजार रुपये लेने के दौरान उन्हें एसीबी ने गिरफ्तार किया।
इस मामले की शुरुआत करीब आठ महीने पहले हुई थी, जब कमलेश चौधरी नामक एक व्यक्ति ने पाली के एसीबी प्रथम अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र डूकिया को शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में चौधरी ने बताया कि उन्होंने एक जमीन खरीदी थी, जिसके सीमांकन और म्यूटेशन के लिए पटवार कार्यालय के चक्कर काट रहे थे। पटवारी विक्रम धीर ने काम करने के बदले 13 हजार रुपये मांगे थे। पहले ही 5 हजार रुपये लेने के बाद वे लगातार शेष 8 हजार रुपये देने के लिए दबाव बना रहे थे। एसीबी ने इस शिकायत की जांच की और मामले की सत्यता की पुष्टि के बाद एक जाल बिछाया। सोमवार को जब पटवारी विक्रम धीर 8 हजार रुपये लेने पहुंचे, उसी दौरान एसीबी की टीम ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया। गिरफ्तारी के दौरान टीम ने रिश्वत की राशि के साथ-साथ संबंधित दस्तावेज भी जब्त किए। इसके बाद आरोपी पटवारी विक्रम धीर को हिरासत में लेकर उनकी पूछताछ शुरू कर दी गई है।




