बिहार सरकार ने लिया बड़ा फैसला: कर्मचारियों की बायोमेट्रिक हाजिरी होगी अनिवार्य, अनुपस्थित रहने पर कटेगी तनख्वाह

मुख्य बातें
- •बिहार सरकार ने सभी सरकारी कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक हाजिरी अनिवार्य कर दी है।
- •BBAS प्रणाली के माध्यम से हर कर्मचारी की उपस्थिति का सेकंड दर से रिकॉर्ड रखा जाएगा।
- •अनुपस्थित रहने पर कर्मचारियों की तनख्वाह में कटौती की जाएगी।
- •मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस पहल को सरकारी अनुशासन और पारदर्शिता बढ़ाने वाला बताया है।
- •राज्य भर के सरकारी कार्यालयों में बायोमेट्रिक मशीनों की स्थापना की जा रही है।
बिहार सरकार ने सरकारी कर्मचारियों की जवाबदेही और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। अब राज्य के सभी सरकारी कर्मचारियों को अपनी उपस्थिति दर्ज करने के लिए बायोमेट्रिक प्रणाली (Biometric Attendance System) का उपयोग करना होगा। यह व्यवस्था पंचायत स्तर से लेकर जिला स्तर तक लागू की जाएगी। सरकार का कहना है कि इससे कर्मचारियों की अनुपस्थिति पर लगाम लगेगी और कार्यालयों में नियमितता बढ़ेगी।
नए नियम के तहत, BBAS (Biometric Based Attendance System) के माध्यम से हर कर्मचारी की हाजिरी का रिकॉर्ड रखा जाएगा। इसमें उनके आने और जाने का समय, साथ ही कार्यालय में बिताए गए हर सेकंड का हिसाब दर्ज किया जाएगा। अगर कोई कर्मचारी निर्धारित समय पर कार्यालय में उपस्थित नहीं होता है, तो उसकी तनख्वाह से अनुपस्थिति के दिनों की कटौती की जाएगी। सरकार का मानना है कि इससे सरकारी कार्यालयों में अनुशासन बढ़ेगा और कर्मचारियों की उत्पादकता में सुधार होगा।






