नासा चांद पर स्थायी मानव बस्ती बसाने की तैयारी में, जानिए किस तरह से होगा काम

मुख्य बातें
- •नासा चांद पर स्थायी मानव बस्ती स्थापित करने की तैयारी कर रहा है।
- •चांद पर रोबोटिक लैंडर, ड्रोन और विशेष वाहनों को भेजा जाएगा।
- •निजी कंपनियां जैसे ब्लू ओरिजिन, इंट्यूटिव मशीन्स और एस्ट्रोबोटिक इस मिशन में मदद कर रही हैं।
- •अमेरिका 2029 तक चांद पर मानव मिशन भेजने का लक्ष्य रखता है, जबकि चीन 2030 तक ऐसा करने की तैयारी में है।
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा चांद पर स्थायी मानव बस्ती स्थापित करने की योजना पर तेजी से काम कर रही है। इस अभियान के तहत नासा चांद की सतह पर रोबोटिक लैंडर, ड्रोन और विशेष वाहनों को भेजने की तैयारी कर रहा है। इन मशीनों के माध्यम से चांद की जमीन का अध्ययन किया जाएगा और भविष्य में मानव निवास के लिए आवश्यक तैयारी की जाएगी। नासा ने इस मिशन के अगले चरण की जानकारी साझा करते हुए बताया कि इसमें निजी कंपनियों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। इन कंपनियों में ब्लू ओरिजिन, इंट्यूटिव मशीन्स और एस्ट्रोबोटिक शामिल हैं।
नासा ने इस अभियान के लिए अमेज़न के संस्थापक जेफ बेजोस की कंपनी ब्लू ओरिजिन को 'एंड्योरेंस' नामक विशेष लूनर लैंडर बनाने का ठेका दिया है। इसके अलावा, अन्य कंपनियां भी चांद पर विभिन्न उपकरणों और वाहनों को भेजने का काम करेंगी। अमेरिका का लक्ष्य है कि वर्ष 2029 तक चांद पर एक बार फिर से मानवों को उतारना है। इस अभियान में अमेरिका की प्रत्यक्ष प्रतिस्पर्धा चीन से है, जो 2030 तक चांद पर मानव मिशन भेजने की तैयारी कर रहा है। हाल ही में चीन ने अपना शेनझोउ-23 मिशन लॉन्च किया था, जिसमें अंतरिक्ष यात्रियों को तियांगोंग स्पेस स्टेशन भेजा गया था। इससे यह स्पष्ट हो गया है कि चीन भी अंतरिक्ष अनुसंधान के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है।






